[ad_1]

धार जिले में एक बेहद संगीन मामले में कोर्ट ने अहम फैसला सुनाया है। प्रथम अपर सत्र न्यायाधीश ने मां की निर्मम हत्या के मामले में बेटे और उसके दोस्त को उम्रकैद की सजा सुनाई है।
.
मामला खंडवा गांव का है। आरोपी रंजीत चौधरी (36) और उसके दोस्त जितेंद्र चौधरी (40) ने 24 अप्रैल 2019 को 65 वर्षीय कौशल्या बाई की हत्या कर दी थी। दोनों ने लूट के इरादे से कौशल्या बाई के पैरों को काट दिया था।
पैरों के पंजे टखने से कटे हुए मिले थे घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची। परिजन घायल कौशल्या बाई को महू के मध्य भारत अस्पताल ले गए। वहां डॉक्टर प्रवीण मिश्रा ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। घटनास्थल से कौशल्या बाई के दोनों पैरों के पंजे टखने से कटे हुए मिले थे।
फिंगर प्रिंट विशेषज्ञों की मदद से साक्ष्य जुटाए पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए एफएसएल टीम और फिंगर प्रिंट विशेषज्ञों की मदद से साक्ष्य जुटाए। जांच में बेटे और उसके दोस्त की संलिप्तता सामने आई। साढ़े पांच साल बाद कोर्ट ने दोनों को दोषी करार देते हुए उम्रकैद की सजा सुनाई है।
[ad_2]
Source link









