Home अजब गजब चायवाले का बेटा बना टॉपर…7 घंटे करता था पढ़ाई, बाकी टाइम बेचता...

चायवाले का बेटा बना टॉपर…7 घंटे करता था पढ़ाई, बाकी टाइम बेचता था चाय, स्कोर किया 99.99% अंक

53
0

[ad_1]

Last Updated:

Google search engine

12th board result: राजकोट के मोदी स्कूल के छात्र परमार राज ने 12वीं बोर्ड में 99.99 पर्सेंटाइल हासिल किया. चाय की दुकान पर पिता की मदद करते हुए उसने अकाउंट्स, इकोनॉमिक्स और एसपी एंड सीसी में 100 में से 100 अंक …और पढ़ें

चायवाले का बेटा बना टॉपर...7 घंटे करता था पढ़ाई, बाकी टाइम बेचता था चाय

राजकोट टॉपर परमार राज

गुजरात माध्यमिक और उच्चतर माध्यमिक शिक्षा बोर्ड की ओर से कक्षा 12वीं के नतीजे घोषित कर दिए गए हैं. इस बार राजकोट शहर और जिले के सामान्य स्ट्रीम में 93.66% छात्र पास हुए हैं. यह पिछले साल से 1.14% बेहतर परिणाम है. यह आंकड़ा बताता है कि राजकोट के छात्रों ने इस बार पढ़ाई में अच्छा प्रदर्शन किया है.

चाय की दुकान पर भी करता था मदद, पढ़ाई में भी रहा टॉपर
इस बार का सबसे प्रेरणादायक चेहरा बना है राजकोट शहर के मोदी स्कूल का छात्र परमार राज, जिसने 99.99 पर्सेंटाइल हासिल कर सबको चौंका दिया. खास बात ये है कि राज के पिता नारणभाई पिछले छह-सात सालों से चाय का ठेला चला रहे हैं. राज पढ़ाई के साथ-साथ हर दिन 2 से 3 घंटे पिता की चाय की दुकान पर भी मदद करता था.

हर विषय में हासिल किए सौ में से सौ अंक
राज ने न्यूज 18 गुजराती से बातचीत में बताया कि उसने अकाउंट्स, इकोनॉमिक्स और एसपी एंड सीसी जैसे विषयों में पूरे 100 में से 100 अंक हासिल किए हैं. उसका कहना है कि वह स्कूल में दिए गए हर होमवर्क और टेस्ट को गंभीरता से करता था. स्कूल में यूनिट टेस्ट, वीकली टेस्ट और डिजाइनर टेस्ट भी होते थे जिनमें उसने हमेशा अच्छा प्रदर्शन किया.

घर पर 6-7 घंटे करता था पढ़ाई
राज स्कूल से आने के बाद भी घर पर 6 से 7 घंटे लगातार पढ़ाई करता था. उसका कहना है कि मेहनत और लगन से ही सफलता मिलती है. राज का सपना है कि वह भविष्य में चार्टर्ड अकाउंटेंट यानी सीए बने.

ट्रस्टी, टीचर्स और पैरेंट्स को दिया श्रेय
राज ने अपनी सफलता का श्रेय मोदी स्कूल के ट्रस्टी रश्मिकांत मोदी, अपने सभी शिक्षकों और अपने माता-पिता को दिया. उसका कहना है कि ये सभी लोग उसकी प्रेरणा बने, जिनकी वजह से वह आज इस मुकाम पर पहुंचा.

माँ-बाप की आंखों में थे खुशी के आंसू
जब नतीजे आए और राज का नाम सबसे ऊपर दिखा, तो उसके माता-पिता की आंखों में खुशी के आंसू आ गए. नारणभाई और उनकी पत्नी ने कहा कि उनके बेटे ने न केवल खुद का, बल्कि पूरे परिवार का नाम रोशन कर दिया है. उन्हें अपने बेटे पर गर्व है और अब उन्हें उम्मीद है कि बेटा आगे चलकर और भी ऊंचाइयों तक पहुंचेगा.

homebusiness

चायवाले का बेटा बना टॉपर…7 घंटे करता था पढ़ाई, बाकी टाइम बेचता था चाय

[ad_2]

Source link

Arvind Jain Editor, Bundelkhand Samchar
Google search engine

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here