छतरपुर जिले के युवाओं के करियर को नई उड़ान देने के लिए कलेक्टर पार्थ जैसवाल और जिला पंचायत सीईओ नमः शिवाय अरजरिया ने एक ऐसी पहल की है, जो छतरपुर के इतिहास में मील का पत्थर साबित होगी। अब जिले के युवाओं को न केवल घर के पास रोजगार मिलेगा, बल्कि वे देश के सबसे प्रतिष्ठित संस्थानों में से एक, BITS पिलानी से डिग्री भी हासिल कर सकेंगे।
आज सजेगा ‘रोजगार का मेला’
गुरुवार, 12 फरवरी को महोबा बाईपास स्थित शासकीय आईटीआई में विशाल रोजगार मेले का आयोजन किया जा रहा है। एशिया सॉफ्ट प्राइवेट कंपनी इलेक्ट्रीशियन, वायरमैन और फिटर ट्रेड के 50 युवाओं को तत्काल नियुक्त करेगी। चयनित युवाओं को 20,000 रुपये प्रति माह का मानदेय मिलेगा। इनका मुख्य कार्य स्मार्ट मीटर इंस्टालेशन और तकनीकी प्रबंधन से जुड़ा होगा।
HCL के साथ ‘लर्न एंड अर्न’ मॉडल: पढ़ाई भी, कमाई भी!
प्रशासन की सबसे बड़ी कामयाबी HCL कंपनी को जिले में लाना है। आगामी दिनों में होने वाली ‘टेक बी’ परीक्षा के माध्यम से 12वीं के छात्रों का चयन किया जाएगा। चयनित छात्रों को BITS पिलानी से डिग्री दिलाई जाएगी। पढ़ाई के दौरान छात्रों को स्कॉलरशिप के साथ-साथ वेतन भी दिया जाएगा।
इस प्रोजेक्ट को अमली जामा पहनाने के लिए कल HCL के डायरेक्टर खुद छतरपुर पहुँच रहे हैं। जिला प्रशासन का यह मॉडल न केवल बेरोजगारी कम करेगा, बल्कि स्किल्ड मैनपावर तैयार करने में भी मिसाल बनेगा। कलेक्टर की इस व्यक्तिगत रुचि ने जिले के युवाओं के लिए संभावनाओं के नए द्वार खोल दिए हैं, जिला प्रशासन ने सभी पात्र युवाओं से अपील की है कि वे इस रोजगार मेले में सक्रिय रूप से भाग लें और अपने भविष्य को संवारने का मौका हाथ से न जाने दें।









