छतरपुर। जिले में केन-बेतवा लिंक परियोजना के तहत अतिक्रमण हटाने पहुंची पुलिस और प्रशासन की टीम पर ग्रामीणों द्वारा पथराव किए जाने का मामला सामने आया है। घटना के बाद मौके पर अफरा-तफरी का माहौल बन गया। जानकारी के अनुसार प्रशासनिक अमला भारी पुलिस बल के साथ अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई करने पहुंचा था, तभी कुछ लोगों ने विरोध शुरू कर दिया और देखते ही देखते स्थिति तनावपूर्ण हो गई।
बताया जा रहा है कि उग्र भीड़ ने पुलिस प्रशासन की टीम पर पथराव कर दिया, जिससे एडिशनल एसपी की गाड़ी सहित करीब आधा दर्जन पुलिसकर्मियों के वाहनों में तोड़फोड़ हुई। वहीं अतिक्रमण हटाने के लिए पहुंची जेसीबी मशीन को भी नुकसान पहुंचाया गया।
घटना में कुछ पुलिसकर्मियों को हल्की चोटें आने की जानकारी सामने आई है, वहीं ग्रामीणों का आरोप है कि अतिक्रमण हटाने पहुंची टीम ने आदिवासी के मकान को बुलडोजर से ढहा दिया. मकान गिरते ही चीख-पुकार मच गई. परिवार के सदस्य मलबे में दब गए. ग्रामीणों का कहना है कि पति-पत्नी खून से लथपथ हालत में मिले, जबकि एक बच्चा बेहोशी की हालत में मिला. ग्रामीणों ने सभी को बाहर निकाला. हालांकि किसी गंभीर घायल होने की सूचना नहीं है। और सोशल मीडिया पर एक फोटो भी वायरल हो रहा है जिसमें एक ग्रामीण घायल आदिवासी परिवार पर रंग उड़ेलता दिखा रहा है जिससे साफ़ जाहिर होता है कि मलबे में दबे होने की खबर सत्य नहीं है। घटना के बाद मौके पर अतिरिक्त पुलिस बल तैनात कर दिया गया है और प्रशासनिक अधिकारी स्थिति को नियंत्रित करने में जुटे हुए हैं। पुलिस द्वारा उपद्रव करने वालों की पहचान की जा रही है तथा पूरे मामले की जांच शुरू कर दी गई है। केन-बेतवा लिंक परियोजना को लेकर क्षेत्र में पहले से विरोध की स्थिति बनी हुई थी, जिसके चलते प्रशासन सतर्कता के साथ कार्रवाई कर रहा था।









