काम पर लौटे आउटसोर्स कर्मचारी: बजट मिलते ही सिविल सर्जन ने बीएमएस पदाधिकारियों से की चर्चा, भुगतान प्रक्रिया के लिए मांगा चार दिन का समय

छतरपुर- जिला चिकित्सालय छतरपुर में मंगलवार को छ:माह से पारिश्रमिक भुगतान न मिलने से नाराज आउटसोर्स कर्मचारी काम बंद हड़ताल पर बैठ गये थे,जिसका सम्पूर्ण भुगतान कराने जिला चिकित्सालय छतरपुर को दिया गया बजट,वेतन भुगतान प्रक्रिया के लिए विभाग ने मांगा चार दिन का समय,बुधवार से काम पर लौटे कर्मचारी|
बीएमएस जिला मंत्री भूपेंद्र सिंह बुन्देला ने बताया जिला चिकित्सालय छतरपुर में मंगलवार को काम बंद हड़ताल कर धरने पर बैठे आउटसोर्स कर्मचारीयों से संबंधित पानी,बिजली,लिफ्ट,पैथालॉजी,कम्प्यूटर आदि कार्य प्रभावित होने से जिला अस्पताल के बिगडते हालातों व मरीजों को हो रही असुविधा से मंगलवार की दोपहर को मीडिया व्दारा सिविल सर्जन जिला चिकित्सालय छतरपुर को अवगत कराया गया,जिसकी चर्चा उन्होंने संबंधित उच्चाधिकारियों से की औैर फलस्वरूप जिला कलेक्टर छतरपुर के अथक प्रयासों से आउटसोर्स कर्मचारियों के छ: माह की लंबित वेतन का सम्पूर्ण भुगतान कराने जिला चिकित्सालय छतरपुर को बजट प्राप्त हो चुका है,यह बात डॉ.जी एल अहिरवार सिविल सर्जन छतरपुर ने भारतीय मजदूर संघ के जिला अध्यक्ष नरेंद्र चतुर्वेदी, जिला मंत्री भूपेंद्र सिंह बुन्देला से चर्चा करते हुए कही और संगठन को विश्वाश दिलाया की बजट प्राप्त हो चुका है,प्रत्येक कर्मचारी का लंबित सम्पूर्ण भुगतान कराने के लिए,काम बंद हड़ताल स्थगित करने का आग्रह करते हुए,विभाग को चार दिन का समय देने की बात रखी,क्योंकि यह भुगतान प्रक्रिया एक दिन में संभव नहीं है, इस बीच चार दिन काम बंद हड़ताल होने से जिला चिकित्सालय की जो स्वास्थ्य सेवा व सुविधा बाधित होगी उससे आम नागरिकों को परेशानी होना स्वाभाविक है जिसे ध्यान में रखते हुए काम बंद हड़ताल स्थगित कर हमें चार दिन का समय दें,इस शर्त पर संघ पदाधिकारियों व सभी आउटसोर्स कर्मचारियों ने अपनी सहमति बनाने के बाद,काम बंद हड़ताल समाप्त कर दी और बुधवार से पूर्व की भांति अपने अपने काम पर वापिस लौट आये हैं ताकि उनकी काम बंद हड़ताल से जिला चिकित्सालय छतरपुर में मरीजों को हो रही असुविधा का लम्बे समय तक सामना न करना पड़े|