श्री कृष्णा विश्वविद्यालय में हरियाली महोत्सव: कवियत्री रैनू शाहनवाज हुसैन ने किया काव्य पाठ

छतरपुर। श्री कृष्णा विश्वविद्यालय, छतरपुर के सभागार में हरियाली महोत्सव पर काव्य गोष्ठी का आयोजन किया गया जिसमें श्री शहनवाज हुसैन, राष्ट्रीय प्रवक्ता भा.ज.पा. एवं उद्योग मंत्री बिहार की धर्म पत्नी कवियत्री श्रीमती रैनु शाहनवाज हुसैन, फातिमा अवद खान, शफराज हुसैन, डॉ. विनोद सिंह, प्राचार्य विश्व शांति निकेतन महाविद्यालय गोरखपुर, कुलाधिपति डॉ. बृजेन्द्र सिंह गौतम, चैयरमेन डॉ. पुष्पेन्द्र सिंह गौतम, उपकुलपति श्री गिरीश त्रिपाठी, कुलसचिव श्री विजय सिंह एवं उनके साथ आये ओम प्रकाश जी, रोहित चौधरी तथा विश्वविद्यालय का समस्त स्टॉफ उपस्थित रहा। कार्यक्रम कोविड-19 के प्रोटोकॉल को ध्यान में रखते हुये किया गया। विश्वविद्यालय की पृष्ठभूमि पर प्रकाश डालते हुये श्री गिरीश त्रिपाठी ने तीन वर्ष की उपलब्धियां बताते हुये कहा कि यह विश्वविद्यालय अत्याधुनिक तकनीकि के साथ शैक्षणिक एवं सांस्कृतिक गतिविधियों को समय-समय पर कराता रहता है।

कार्यक्रम की मुख्य अतिथि एवं वक्ता कवियत्री श्रीमति रैनू हुसैन ने विश्वविद्यालय का भ्रमण कर कहा कि ग्रामीण स्तर पर विश्वविद्यालय स्थापित करना राष्ट्रीय विकास की मानसिकता का परिचायक है। विश्वविद्यालय के संस्थापक डॉ. बृजेन्द्र सिंह गौतम एवं पुष्पेन्द्र सिंह गौतम ने न केवल अपने पिता स्व. श्री बलवीर सिंह गौतम का सपना साकार किया अपितु विश्वविद्यालय में पढऩे वाले हजारों छात्रों और उनके अविभावकों के सपनों को भी साकार किया है। उनको करोड़ों लोग दुआयें देगें जिससे गौतम बंधु उत्तरोत्तर प्रगति करते रहेंगे। उन्होंने खजुराहो के इतिहास हेमवती एवं चंदेल राजाओं के बारे में भी प्रकाश डाला। उन्होंने अपनी कविता के माध्यम से सभी को मंत्रमुग्ध कर दिया। आपने अपनी स्वरचित काव्य संग्रह गुण्टी, घर की औरतें और चांद, जैसे, पानी प्यार जैसी समस्त किताबों को विश्वविद्यालय के कुलाधिपति डॉ. बृजेन्द्र सिंह गौतम को भेंट किया। विश्वविद्यालय के कुलाधिपति डॉ. बृजेन्द्र सिंह गौतम ने अतिथियों को आगामी रूपरेखा के बारे में बताते हुये कहा कि विश्वविद्यालय से ग्रामीण स्तर के विद्यार्थियों को समाज की मुख्यधारा से जोड़ा जायेगा जो राष्ट्र निर्माण के लिये मील का पत्थर साबित होगा। इस अवसर पर विश्वविद्यालय परिसर में अतिथियों द्वारा पीपल, बरगद, आम जैसे उपयोगी पौधों का वृक्षारोपण किया गया। अतिथियों को शॉल-श्रीफल एवं स्मृति चिन्ह से विश्वविद्यालय द्वारा सम्मानित किया गया। कुलसचिव श्री विजय सिंह ने आभार व्यक्त किया। संचालन उपकुलसचिव डॉ. अश्वनी कुमार दुबे ने किया।