अजब गजब

Narayana Murthy: IIM में आधी सैलरी वाली जॉब के लिए ठुकरा दिया था एयर इंडिया का ऑफर, नारायण मूर्ति ने बताई वजह

नई दिल्ली. दिग्गज आईटी कंपनी इंफोसिस (Infosys) के को-फाउंडर एन आर नारायण मूर्ति (NR Narayana Murthy) सादगी के साथ जीवन जीने वाले ऐसे इंसान हैं, जिन्होंने अपनी मेहनत और काबिलयत के दम पर अपनी किस्मत को बदला और आज सभी के लिए एक प्रेरणा हैं. दिग्गज कारोबारी ने कई बार अपनी जिंदगी से जुड़ी खास बातों से पर्दा उठाया है. कई बार वे युवाओं को अपनी स्टोरी से प्रेरित करते हैं. एक बार उन्होंने बताया था कि एयर इंडिया के जॉब ऑफर को ठुकराते हुए आईआईएम अहमदाबाद (IIM-A) में नौकरी करने का फैसला क्यों किया.

अरबपति बिजनेसमैन ने आईआईटी कानपुर से मास्टर्स की पढ़ाई की है. यह पढ़ाई पूरी करने के बाद उन्हें देश की कई बड़ी कंपनियों से नौकरी के ऑफर मिले. इनमें एयर इंडिया, टेल्को, टिस्को जैसी कंपनियां शामिल थीं. लेकिन, मूर्ति ने आईआईएम अहमदाबाद में चीफ सिस्टम प्रोग्रामर की नौकरी ज्वाइन करने के फैसला किया. यह पॉजिशन बड़ी कंपनियों की तरफ से ऑफर पॉजिशन के मुकाबले छोटा था. उके इस फैसले ने कई लोगों को चौंकाया था. आईआईएम में उनकी सैलरी दिग्गज कंपनियों के ऑफर के मुकाबले करीब आधी थी.

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आईआईएम में टाइम शेयरिंग सिस्टम पर काम
मूर्ति ने इस रहस्य से साल 2019 में इस रहस्य पर से पर्दा उठाते हुए मूर्ति ने बताया था कि उन्होंने क्यों आईआईएम की लो-प्रोफाइल जॉब के लिए बड़ी कंपनियों के जॉब के ऑफर ठुकराए थे. इसकी वजह यह थी कि तब आईआईएम देश का पहला टाइम शेयरिंग सिस्टम इंस्टॉल करने का प्लान बना रहा था. ऐसा करने वाला आईआईएम अहमबाद दुनिया के तीसरा संस्थान था. उससे पहले सिर्फ हॉर्वर्ड और स्टैनफोर्ड ने यह सिस्टम इंस्टॉल किया था.

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बताया जीवन का सबसे अच्छा फैसला
इंफोसिस के फाउंडर ने बताया था, “मेरे बैच के 16 स्टूडेंट्स में मैं अकेला था, जिसने आधी सैलरी वाली नौकरी ज्वाइन की थी. इसका मकसद सिर्फ मॉडर्न ऑपरेटिंग सिस्टम के बारे में जानना था. इससे मेधावी स्टूडेंट्स के साथ मिलकर काम करने का मौका मिलने जा रहा था. हम कई तरह के इंटरएक्टिव लेसन तैयार करने वाले थे, इसलिए मैंने इस रास्ते को चुना. संभवत: यह सबसे अच्छा फैसला था जो मैंने अपने जीवन लिया था.”

Tags: Business news, Business news in hindi, Narayana Murthy, Success Story


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एडवोकेट अरविन्द जैन

संपादक, बुंदेलखंड समाचार अधिमान्य पत्रकार मध्यप्रदेश शासन

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